हरियाणा के कुरुक्षेत्र में किराने की दुकान में लगी आग, लाखों का सामान हुआ मिनटों मे राख

हरियाणा के कुरुक्षेत्र में किराने की दुकान में आग लग गई। आग लगने की वजह शार्ट सर्किट बताया जा रहा है। भयंकर आग के कारण लाखों का सामान जलकर राख हो गया। फायर ब्रिगेड की गाड़ियों ने आग पर काबू पाया।

हादसे के बाद दुकान मालिक की तबीयत बिगड़ गई। किराने की दुकान में शनिवार सुबह चार बजे शार्ट सर्किट के कारण भयानक आग लग गई। आग इतनी भयंकर थी कि दुकान में

रखा लाखों रुपये का किराने का पूरा सामान जलकर राख हो गया है। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची।आग पर काबू पाने के लिए लाडवा व कुरुक्षेत्र से दो फायर ब्रिगेड की गाड़ियों को बुलाया। आग पर काबू पाने के लिए फायर ब्रिगेड के

कर्मचारियों को भी घंटों मशक्कत करनी पड़ी। आग से पूरी दुकान जल गई। जिससे दुकान के मालिक पर दोहरी मार पड़ी है।शनिवार सुबह चार बजे गांव भगवानपुर का किसान मांगे राम सब्जी बेचने के लिए सब्जी मंडी बाबैन में आया था।

मांगे राम ने देखा कि एक दुकान से धुआं निकल रहा है। उसने दुकान के बाहर लिखे मोबाइल नंबर पर संपर्क कर दुकान के मालिक कृष्ण लाल को सूचित किया। सूचना मिलते ही कृष्ण लाल मौके पर पहुंचा और दुकान का शटर खोलकर दुकान के

काउंटर को बाहर खींचा। दुकान का शटर खुलते ही हवा के कारण आग पूरी दुकान में फैल गई।लोगों ने पानी से आग बुझाने के प्रयास किए, लेकिन वे आग पर काबू नहीं पा सके।

आग लगने की सूचना बाबैन थाना पुलिस व फायर बिग्रेड को भी दी गई, लेकिन जब तक फायर बिग्रेड की गाड़ी मौके पर पहुंची तब तक आग ने दुकान की दोनों मंजिलों को पूरी तरह

से अपनी चपेट में ले लिया था। दुकान में रखा पूरा सामान जल गया। अपनी आंखों के सामने दुकान को जलता देख दुकान कृष्ण लाल की तबीयत भी बिगड़ गई।25 से 30 लाख के नुकसान का अंदेशा

बाबैन के कालू राम एंड संस किराना दुकान के मालिक कृष्ण लाल के बेटे प्रियांशु ने बताया कि उनकी दुकान में 25 से 30 लाख रुपये का किराना का सामान था,

जो पूरी तरह से जल कर राख हो गया है। आग से पूरी बिल्डिंग भी बेकार हो गई है, अब उन्हें दोबारा दुकान बनानी पड़ेगी। उन्होंने कहा कि उनके रोजगार का एकमात्र सहारा उनकी

दुकान ही थी जो अब नहीं रही है। जिससे उन्हें अब रोजी रोटी के भी लाले पड़ेंगे। उन्होंने जिला प्रशासन से उनकी दुकान में हुए नुकसान का मुआवजा देने की मांग की है, ताकि उन्हें ज्यादा आर्थिक नुकसान ना उठाना पड़े।